इन दिनों फिल्म ‘द केरल स्टोरी’ (The Kerala Story) को लेकर खूब चर्चा हो रही है। दरअसल, ये फिल्म रिलीज से पहले ही विवादों में आ गई है। इसको लेकर हंगामे के सुर अब तेज हो रहे हैं। जहां एक तरफ मुस्लिम समुदाय फिल्म का विरोध कर रहा है तो दूसरी ओर LDF और UDF जैसी कई राजनीतिक पार्टियां भी फिल्म को लेकर हंगामा कर रही हैं।

फिल्म ‘द केरल स्टोरी’ को लेकर मचे घमासान के बीच सेंसर बोर्ड की ओर इसे A सर्टिफिकेट दे दिया गया है। साथ ही सेंसर बोर्ड ने फिल्म से दस कंट्रोवर्शियल सीन हटवा दिए गए हैं। बता दें ‘द केरल स्टोरी’ की रिलीज को रोकने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई करने से इंकार कर दिया है।
बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में किसी भी तरह से दखलंदाजी करने से मना कर दिया है। चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा है कि, ‘याचिकाकर्ताओं को संबंधित हाई कोर्ट में मामला रखना चाहिए। हर मामले में सुप्रीम कोर्ट उपाय के तौर पर नहीं आ सकते। इस मामले में हाईकोर्ट जा सकते हैं। हम यहां सुपर हाईकोर्ट नहीं बन सकते।’

बता दें पत्रकार कुर्बान अली और जमीयत उलेमा ए हिंद ने फिल्म ‘द केरल स्टोरी’ के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। इन दोनों का कहना है कि, यह फिल्म एक समुदाय विशेष के बारे में नफरत फैलाने वाली है। एक वर्ग ने ‘द केरल स्टोरी’ को लेकर आपत्ति जताई और इसे प्रोपेगेंडा फिल्म बताया है। इतना ही नहीं बल्कि खुद केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन और तिरुवनंतपुरम के सांसद शशि थरूर ने भी इस फिल्म पर राज्य का नाम खराब करने का आरोप लगाया।

गौरतलब है कि ‘द केरल स्टोरी’ में केरल की 32 हजार महिलाओं के जबरन धर्मांतरण कराने और आईएसआईएस में शामिल कराने की कहानी दिखाई गई है। गौरतलब है कि ‘द केरल स्टोरी’ 5 मई को सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है। इस फिल्म को सुदीप्तो सेन ने डायरेक्ट किया है और इसके प्रोड्यूसर विपुल अमृतलाल शाह हैं।





