Elvish Yadav Rave Party Case: रेव पार्टी में सपेरे, सांप और उनके जहर के नशे पर 2 नवंबर को दर्ज हुए बहुचर्चित केस में नोएडा पुलिस की जांच सुस्त चल रही है। आलम यह है कि पीएफए के स्टिंग में पकड़े गए 5 सपेरे जमानत पर बाहर आ गए हैं। केस में आरोपी यू-ट्यूबर एल्विश यादव के नाम पर जांच पुलिस आगे नहीं बढ़ा पा रही है। पुलिस ने एक बार एल्विश से पूछताछ भी कर चुकी है।
उत्तर प्रदेश के नोएडा में सांप तस्करी और रेव पार्टी मामले में पुलिस ने 5 में से एक मुख्य आरोपी राहुल यादव को सीजेएम कोर्ट से जमानत मिल गई। हालांकि अन्य आरोपियों को अभी जमानत नहीं मिली है। जमानत के लिए राहुल पक्ष की ओर से कुछ समय पहले न्यायालय में अर्जी लगाई गई थी। इस मामले में यूट्यूबर एल्विश यादव (Elvish Yadav) की संलिप्सता की बात भी सामने आई थी। केस में यूटयूबर को नामजद किया गया था।

केस में यूटयूबर को नामजद किया गया था। नोटिस देने के बाद एल्विश से नोएडा पुलिस एक बार पूछताछ भी कर चुकी है। इस केस में सिंगर फाजिलपुरिया का नाम भी सामने आया था। पुलिस को अभी तक एल्विश यादव और फाजिलपुरिया के खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं मिले हैं।
क्या था ये मामला?
सांपों का जहर रेव पार्टी में सप्लाई करने के मामले में कोतवाली सेक्टर-49 पुलिस ने राहुल और पांच संपेरों के खिलाफ भाजपा सांसद मेनका गांधी की पीपुल्स फॉर एनीमल संस्था के एक सदस्य की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया था।
इसके बाद पुलिस ने राहुल समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। बाद में मामले को सेक्टर-49 थाने से सेक्टर-20 थाने में ट्रांसफर कर दिया गया। एल्विश यादव के खिलाफ केस दर्ज करने वाले थाना प्रभारी को पुलिस कमिश्नर ने घटना के दो दिन बाद ही लाइन हाजिर कर दिया था।
राहुल पर लगा था आरोप
पुलिस को मौके से 20 मिलीमीटर स्नेक वैनम और 9 जहरीले सांप मिले थे। उनमें 5 कोबरा, एक अजगर, दो दोमुंहा सांप और एक रैट स्नेक शामिल है। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि एल्विश यादव की पार्टी में सांप और जहर की सप्लाई किया करते थे। आरोप लगाया गया था कि राहुल एल्विश यादव के लिए काम करता है और एल्विश यादव ने ही पीपुल्स फॉर एनीमल संस्था के पदाधिकारियों को राहुल से संपर्क करने की बात कही थी।
अब नोएडा पुलिस का कहना है कि एल्विश को आगे पूछताछ के लिए कब बुलाया जाएगा इसको लेकर मंथन चल रहा है।

26 दिन बीतने के बाद अब तक पुलिस यह तय नहीं कर पाई है कि एल्विश निर्दोष है या आरोप साबित हो रहे हैं। इस केस में नोएडा पुलिस की किरकिरी शुरुआती जांच में हो चुकी है। इसके बाद जांच सेक्टर-49 थाने से सेक्टर-20 थाने में ट्रांसफर हुई थी। इस दौरान कई जगहों पर टीम आरोपियों को लेकर गई थी। दो कोबरा की बरामदगी भी फरीदाबाद से बताई गई थी। आरोपी इसके बाद न्यायिक हिरासत में थे। अब जमानत पर बाहर आ गए हैं।
आरोपी राहुल, टीटूनाथ, जयकरन, नारायण व रविनाथ दिल्ली के मोलड़बंद के निवासी हैं। इनके कब्जे से 9 सांप और जहर बरामद हुआ था। केस पीएफए के एनिमल वेलफेयर ऑफिसर गौरव गुप्ता की शिकायत पर दर्ज हुआ था। इसमें कई गंभीर आरोप लगाए गए थे।





