सलमान खान की आगामी फिल्म ‘किसी का भाई किसी की जान’ में अभिनेता जगपति बाबू मुख्य दुश्मन की भूमिका अदा करते हुए नजर आएंगे।
हिंदुस्तान टाइम्स के साथ बातचीत में अभिनेता जगपति बाबू ने अपनी आगामी फ़िल्म ‘किसी का भाई किसी की जान’ के बारे में बात की। यह 2023 के ईद पर रिलीज होगी। जगपति बाबू ने फिल्म के बारे में बताते हुए कहा, ‘इस फिल्म में उनकी और सलमान खान की लड़ाई के सीन हैं। हालांकि वह सीन काफी अच्छे हैं पर शूटिंग की शुरूआत में उन्हें सलमान को मारने से झिझक थी।’
हिंदुस्तान टाइम्स के एक और इंटरव्यू में जगपति बाबू ने सलमान की तारीफ करते हुए कहा, ‘सलमान के साथ, सब कुछ बहुत सरल होता है। सलमान चीजों को बहुत सरल बनाता है। वह आपका मार्गदर्शन करता है। वह आपको कभी डराता नहीं है, ना ऐसा महसूस करवाता है। वास्तव में, हमें एक लड़ाई का सीन शूट करना था, जिसे कोविड और डेंगू के कारण हम नहीं कर पाए, जो हमारा बैड लक था।’ साथ ही जगपति बाबू ने यह भी कहा कि उन्हें कभी भी नकारात्मक भूमिका निभाने से कोई हिचकिचाहट नहीं थी।

जब जगपति बाबू से पूछा गया कि क्या सलमान खान ने उनके इस रोल को निभाने के लिए कोई आपत्ति जताई थी ? तब जब पति बाबू ने कहा, ‘भाई ने रोल के संबंध में कोई आपत्ति नहीं थी। उन्होंने मुझसे कहा कि मुझे मेरे बाल काले करवाने और युवा दिखने की जरूरत है। क्योंकि भाईजान उस व्यक्ति से नहीं लड़ सकते थे जो उनसे बड़ा है।’ तो हमें वह करना था और कुछ नहीं था। यह कोई आपत्ति नहीं बल्कि चरित्र की जरूरत थी।’
जगपति बाबू से फिल्म में शामिल होने और उनके पूजा हेगड़े से कनेक्शन के बारे में पूछने पर,उन्होंने हँसते हुए बताया। उन्होंने कहा, ‘पूजा मुझे एक रॉकस्टार कहती है। शायद उन्होंने मेरा नाम लिया हो। लेकिन मुझे नहीं पता कि उन्होंने मुझे रिकमेंड किया हो। ना मैने उससे पूछा ना उसने मुझे बताया। हम पहले राधे श्याम में साथ काम कर चुके हैं।’ उन्होंने आगे कहा कि, ‘मुझे यह नहीं पता कि यह मेरे पास कैसे आया। मैं निश्चित रूप से कहूंगा कि सलमान भाई के साथ गुंजलकर जो है वह इसके एक प्रमुख उपकरण हैं। मुझे लगता है कि उन्होंने सलमान भाई को इसके बारे में बताया होगा। यह कुछ समय लगा हमें, फिर हमने कहा कि चलो यह करते हैं।’
दक्षिण भारतीय और बॉलीवुड दोनों ही फिल्म इंडस्ट्री में काम कर चुके जगपति बाबू ने कहा, ‘मैं वास्तव में ज्यादा अंतर नहीं देखा। यह ठंडा था… इसमें कोई दबाव नहीं था, जैसे पैसे का दबाव और बजट का दबाव। यह आसानी से हो गया। मैं सामान्य रूप से इस प्रोजेक्ट के लिए कह सकता हूं।’

बाहुबली की सफलता के बाद अब दक्षिण भारतीय सिनेमा पैन-इंडिया जाना चाहता है। इसके बारे में एक बड़े अभिनेता से सलाह ली गई थी कि यह एक स्वस्थ रुझान है या कुछ ऐसी प्रेरणा है। उन्होंने इस पर अपने विचार रखे, ‘यह एक बहुत ही स्वस्थ रुझान है। क्योंकि सिनेमा केवल एक ही दुनिया है, यह न केवल दक्षिण या उत्तर का है। सिनेमा सार्वभौमिक है, अभिनय भी सार्वभौमिक है। भाषा का कोई बैरियर नहीं है, कोई राज्य या देश इसके लिए बैरियर नहीं है। इसे दुनिया के किसी भी कोने में किया जा सकता है। यह बहुत ही स्वस्थ है क्योंकि एक आदान-प्रदान हो रहा है। दर्शकों के लिए एक नई अनुभव होता है। वे और अधिक चेहरे देखते हैं, लोगों को अधिक अवसर मिल रहे हैं और बाहुबली के साथ चीजें खुल गई हैं।’
जगपती बाबू, सुकुमार की सभी फिल्मों का हिस्सा रहे है। पहले से ही अंगीकृत किया रिपोर्ट के आधार पर उनसे पुष्पा 2 में फिर से मुलाकात के सवाल पर कहा- ‘हाँ, होगी।’आगे अभीनेता ने कहा, ‘सुकुमार और मैं बहुत अच्छी तरह से जुड़े हुए हैं। एक बार ऐसा हुआ था कि कुछ तारीखों में टकराव हुआ था। मैंने सुकु से पूछा ‘अब मैं क्या करूँ?’ उन्होंने कहा ‘बस आप आगे बढ़ें सर। आप जो करना चाहते हैं करें क्योंकि आप एक अपने आप का ब्रांड हैं। हम इंतजार कर सकते हैं।’ इस तरह की हमारी रिपो है। और मैं पुष्पा 2 में होने पर गर्व करता हूँ क्योंकि मुझे उनसे काम करने का मौका मिला है।’





