आयुष्मान खुराना ने हाल ही में कम बजट की फिल्मों और बदलते थिएट्रिकल बिजनेस पर अपनी राय रखी। FICCI Frames 2026 के एक सेशन में अभिनेता ने ‘हनुमान अंश’ और हॉलीवुड फिल्म ‘ऑब्सेशन’ का उदाहरण देते हुए कहा कि दोनों अलग-अलग दुनिया की फिल्में हैं, लेकिन कम बजट में बनी हैं। उनके मुताबिक, इंडस्ट्री को ऐसी फिल्मों पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए, जो बजट के लिहाज से संतुलित हों और ज्यादा से ज्यादा दर्शकों से जुड़ सकें।
‘हनुमान अंश’ और ‘ऑब्सेशन’ का दिया उदाहरण
आयुष्मान ने इन दोनों फिल्मों को मौजूदा समय में कम बजट और मजबूत दर्शक कनेक्शन का उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि फिल्मों को बजट का ध्यान रखते हुए बनाया जाना चाहिए और कोशिश होनी चाहिए कि कहानी ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचे। उन्होंने यह भी माना कि ऐसा करना सुनने में आसान है, लेकिन वास्तव में चुनौतीपूर्ण है।
‘हनुमान अंश’ की सफलता ने इस चर्चा को और दिलचस्प बना दिया है। फिल्म को बेहद सीमित बजट में बनाए जाने के बावजूद बॉक्स ऑफिस पर बड़ा रिस्पॉन्स मिला है। वहीं, ‘ऑब्सेशन’ ने भी अपनी कम लागत के मुकाबले असाधारण ग्लोबल कारोबार कर चर्चा बटोरी। ट्रेड रिपोर्ट्स ने दोनों फिल्मों को 2026 की सरप्राइज सफलताओं में गिना है।
कहानी को बताया असली सुपरस्टार
आयुष्मान ने यह भी कहा कि उनके लिए कहानी हमेशा अभिनेता से बड़ी रही है। उन्होंने बताया कि अपने करियर की शुरुआत से ही उनका मानना रहा है कि कहानी ही असली सुपरस्टार होती है। अभिनेता के मुताबिक, अगर फिल्म दर्शकों को प्रामाणिक और सच्ची लगती है, तो उससे जुड़ाव बनने की संभावना बढ़ती है।

उन्होंने मौजूदा दौर में बदलती ‘स्टारडम’ की परिभाषा पर भी बात की। आयुष्मान के अनुसार आज दर्शकों के पास फिल्मों के अलावा influencers और YouTubers समेत मनोरंजन के कई विकल्प हैं, इसलिए स्टारडम पहले की तरह सीमित दायरे में नहीं रहा।
इसी सोच के साथ आयुष्मान अपनी अगली फिल्म ‘उड़ता तीर’ में नजर आएंगे, जो 9 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है।






