75 की उम्र में भी रजनीकांत की तूफानी एनर्जी का राज, बेटी ने खोला फिटनेस सीक्रेट, 'जेलर 2' के एक्शन के पीछे है
75 साल की उम्र में भी रजनीकांत अपनी दमदार एनर्जी और धांसू एक्शन से फैंस को हैरान कर रहे हैं। फिल्म 'जेलर 2' में उनके जबरदस्त एक्शन के पीछे आखिर क्या राज है? उनकी बेटी ने सुपरस्टार की फिटनेस और खानपान से जुड़ा खास सीक्रेट बताया है। जानिए क्या है रजनीकांत का 'नो व्हाइट प्रोडक्ट्स' रूल, जिसे उनकी शानदार फिटनेस की वजह बताया जा रहा है।
75 की उम्र में भी रजनीकांत की तूफानी एनर्जी का राज, बेटी ने खोला फिटनेस सीक्रेट
सुपरस्टार रजनीकांत 75 साल की उम्र में भी अपनी दमदार स्क्रीन प्रेजेंस, जबरदस्त एनर्जी और एक्शन अंदाज से दर्शकों का दिल जीत रहे हैं। उनकी फिल्म जेलर 2 को लेकर चर्चा के बीच अब उनकी फिटनेस और खानपान का सीक्रेट भी सुर्खियों में है। उनकी बेटी सौंदर्या रजनीकांत ने पिता की अनुशासित जीवनशैली और खाने-पीने की आदतों पर बात की है।
सौंदर्या ने क्या बताया?
‘द हिंदू’ को दिए इंटरव्यू में सौंदर्या ने कहा कि उनके पिता बेहद अनुशासित हैं और खासकर काम के दौरान सख्त डाइट का पालन करते हैं। हालांकि, हर व्यक्ति की शारीरिक जरूरतें अलग होती हैं। सौंदर्या के मुताबिक, किसी भी चीज की अति अच्छी नहीं होती और उम्र बढ़ने के साथ चीनी तथा नमक के सेवन पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि खानपान में संतुलन और संयम जरूरी है। वह खुद पनीर और दही खाती हैं, इसलिए सफेद खाद्य पदार्थों को पूरी तरह छोड़ने की बात नहीं कर सकतीं, ऐसा उन्होंने हंसते हुए कहा।
क्या है ‘नो व्हाइट फूड’ रूल?
रजनीकांत पहले भी कह चुके हैं कि उम्र के एक पड़ाव के बाद उन्होंने कुछ सफेद खाद्य पदार्थों से दूरी बनाई। उनकी ‘जेलर’ की सह-कलाकार मिर्ना मेनन ने भी बताया था कि सेट पर उन्होंने सुना कि अभिनेता दूध, दही, सफेद चावल और चीनी जैसी चीजों से परहेज करते हैं। मिर्ना के मुताबिक, रजनीकांत मसालेदार और तैलीय भोजन से भी बचते हैं और सादा खाना पसंद करते हैं। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया था कि उन्होंने खुद अभिनेता को खाते हुए नहीं देखा।
वर्कआउट भी है अहम
मिर्ना ने बताया कि रजनीकांत शूटिंग पर आने से पहले व्यायाम करते हैं। वह तैराकी और ट्रेडमिल का इस्तेमाल करते हैं। उनकी फिटनेस का राज सिर्फ डाइट नहीं, बल्कि नियमित दिनचर्या और अनुशासन भी है।
‘जेलर 2’ में उनका एक्शन पर्दे पर रोमांच पैदा करता है, लेकिन उनकी डाइट को हर किसी के लिए आदर्श मानना सही नहीं होगा। दूध, दही और चावल जैसे खाद्य पदार्थ संतुलित आहार का हिस्सा हो सकते हैं। हर किसी को अपनी सेहत के मुताबिक फैसला करना चाहिए। किसी भी बड़े बदलाव से पहले अपनी जरूरतों के अनुसार डॉक्टर या डाइटिशियन की सलाह लेना बेहतर है।