‘छठ पर घर लौटने की बढ़ी मुश्किलें!’ ट्रेन में टिकट नहीं, फ्लाइट के महंगे किराए पर खेसारी लाल ने उठाई आवाज!
छठ महापर्व पर अपने घर बिहार लौटने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। ट्रेनों में कन्फर्म टिकट मिलना मुश्किल हो रहा है, तो वहीं फ्लाइट के किराए भी आसमान छू रहे हैं। ऐसे में भोजपुरी सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने यात्रियों की परेशानी को देखते हुए सरकार से खास अपील की है।
‘छठ पर घर लौटने की बढ़ी मुश्किलें!’ ट्रेन में टिकट नहीं, फ्लाइट के महंगे किराए पर खेसारी लाल ने उठाई आवाज!
छठ महापर्व नजदीक आते ही बिहार और उत्तर प्रदेश के लोगों में अपने घर लौटने की उत्सुकता बढ़ गई है। देश के अलग-अलग शहरों में नौकरी और रोजगार के सिलसिले में रहने वाले लाखों लोग इस खास त्योहार को अपने परिवार के साथ मनाना चाहते हैं। लेकिन इस बार घर वापसी का सफर उनके लिए किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं है। ट्रेनों में कन्फर्म टिकट मिलना मुश्किल हो रहा है, तो दूसरी तरफ हवाई जहाज के किराये आम आदमी की जेब पर भारी पड़ रहे हैं। अब भोजपुरी सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने इसी परेशानी को लेकर सरकार से खास अपील की है।
खेसारी लाल ने सरकार से लगाई गुहार
खेसारी लाल यादव ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर एक पोस्ट साझा करते हुए केंद्र और बिहार सरकार से प्रवासियों की परेशानी समझने की अपील की। उन्होंने भोजपुरी अंदाज में लिखा, 'तनी रहम करीं महाराज...'। अभिनेता ने कहा कि छठ पूजा पर हर पूर्वांचली का सपना होता है कि वह अपने गांव पहुंचे, लेकिन मौजूदा हालात में ट्रेन में टिकट उपलब्ध नहीं हैं और फ्लाइट के किराये भी आग की तरह बढ़ रहे हैं।
30 से 40 हजार रुपये तक पहुंचा फ्लाइट का किराया
खेसारी ने अपने वीडियो संदेश में बताया कि त्योहार के दौरान हवाई टिकटों की कीमत 30 से 40 हजार रुपये तक पहुंच रही है। वहीं, नियमित ट्रेनों में भी कन्फर्म टिकट मिलना बेहद मुश्किल हो गया है। ऐसे में रोज कमाने-खाने वाले मजदूरों और मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए इतनी महंगी यात्रा करना आसान नहीं है। उन्होंने कहा कि वह एयरलाइन कंपनियों के कारोबार पर टिप्पणी नहीं करना चाहते, लेकिन सरकार से आम लोगों के लिए राहत की उम्मीद जरूर करते हैं।
हर बड़े शहर से बिहार के लिए चलें स्पेशल ट्रेनें
भोजपुरी स्टार ने केंद्र और बिहार सरकार के साथ रेलवे प्रशासन से मांग की है कि दिल्ली, मुंबई, पंजाब, हरियाणा, गुजरात और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों के प्रमुख शहरों से बिहार और आसपास के क्षेत्रों के लिए अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएं। इससे त्योहार के समय यात्रियों की भीड़ कम करने और लोगों को घर पहुंचने में मदद मिल सकती है।
छठ सिर्फ त्योहार नहीं, भावनाओं से जुड़ा पर्व
खेसारी ने अपनी अपील में छठ को बिहारियों की आस्था और धड़कन बताया। उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार प्रवासियों की भावनाओं को समझेगी और जल्द कोई समाधान निकालेगी। अब देखना होगा कि उनकी इस गुहार के बाद रेलवे और सरकार की ओर से अतिरिक्त ट्रेनों को लेकर क्या कदम उठाए जाते हैं।